वैदिक विधियों द्वारा समस्याओं का समाधान :-कौशल पाण्डेय (ज्योतिष विशेषज्ञ )

KAUSHAL PANDEY (Astrologer)

Astrology,

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Kaushal Pandey


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ज्ञान का पिटारा

Posted On: 4 Feb, 2011  
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पितृ दोष निवारण या काल शार्प की शांति करने का उपाय…

Posted On: 15 Jan, 2011  
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पुत्र प्राप्ति के सरल उपाय —-PUTRA PRAPTI KE UPAY

Posted On: 9 Jan, 2011  
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भाग्य बढ़ाने का सरल उपाय

Posted On: 21 Nov, 2010  
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कलयुग का प्रभाव

Posted On: 20 Oct, 2010  
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पॉलिटिकल एक्सप्रेस में

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जोशी जी के प्रश्न का उत्तर:- अगर आप लोगो ने कुंडली का जो समय बताया है लगभ सही समय दिया है तो मैं यह कह सकता हूं कि आप दोनो का विवाह गलत दिशाओं में हुआ है, और नेत्रा की कुंडली में कोई विशेष परेशानी नही दिख रही है उनकी कुंडली के अनुसार कन्या प्राप्ति हो सकती है, हां परंतु पति की आयु पर तकलीफ न हो इसके लिये बुध की पूजा दान अवश्य करें क्योंकि बुध अष्टम में है सप्तमेश होकर जो बहुत खराब योग है, प्रवीण की कुंडली में पंचम में शनि राहु होने से संतान में विलंब देते हैं आप इन दोनो ग्रहों की पूजा दान करिये और काले नीले कपडे न पहने और गणेश लक्ष्मी की आराध्ना करे कन्या संतति प्राप्त हो सकती है। जय श्री राम

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प्रणाम मास्टरजी, मेरा नाम अर्चना है .मेरा सवाल ये है की मेरी शादी को दो साल हो गए है मेरे पति और मुझमे सहवास के बाद मासिक स्त्राव समय आगे बढ़ जाता है पर उसके बाद मासिक स्त्राव हो जाता है उससे मै निराश हो चुकी हु मैं जानती हु के ये मातृत्व की निशानी होती है पर मासिक स्त्राव आगे जाने से जो आशाए मैं बांध लेती हु वो टूट जाती है कृपया मेरा मार्गदर्शन करे मुझे इस संकट से उभारे. इस बात का मेरी गृहस्थी पर कोई असर न हो यही मेरी इच्छा है कृपया मेरा मार्गदर्शन करे मैं आपके जवाब का इंतज़ार कर रही हु मेरी जन्मतारीख है ०४.०१.०१९८५ मेरा जन्मसमय है ९.३० सुबह मेरे पति की जन्मतारीख है २२.०४.१९८५ मेरे पति का जन्मसमय है ६.३० सुबह आपकी कृपा अभिलाषी

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